Wednesday, 19 December 2012

कुछ लोग जीवन भर मेहनत करके भी धन प्राप्त नहीं कर पाते



कुछ लोग जीवन भर मेहनत करके भी धन प्राप्त नहीं कर पाते 
 ऐसे में उन्हें निराशा घेर लेती है। तंत्र शास्त्र के अंतर्गत ऐसे कई टोटकों का वर्णन है जिनसे गरीब भी धनवान बन सकता है। उन्हीं में से कुछ साधारण टोटके इस प्रकार हैं-


रात्रि में चावल, दही और सत्तू का सेवन करने से लक्ष्मी का निरादर होता है। अत: समृद्धि चाहने वालों को तथा जिन व्यक्तियों को आर्थिक कष्ट रहते हों, उन्हें इनका सेवन रात्रि भोज में नहीं करना चाहिये।
अगर किसी काम से जाना हो, तो एक नींबू लें। उसपर 4 लौंग गाड़ दें तथा इस मंत्र का जाप करें : ` श्री हनुमते नम: 21 बार जाप करने के बाद उसको साथ ले कर जाएं। काम में किसी प्रकार की बाधा नहीं आएगी।
अपने घर में पवित्र नदियों का जल संग्रह कर के रखना चाहिए। इसे घर के ईशान कोण में रखने से अधिक लाभ होता है।

Monday, 17 December 2012



शास्त्रों के अनुसार जो व्यक्ति प्रतिदिन शिवपूजन के बाद इस प्रकार त्रिपुण्ड्र बनाता है उसे जीवन में सबकुछ प्राप्त हो जाता है। इसकी प्रत्येक रेखा में नौ-नौ देवताओं का वास है। पहली रेखा में अकार, गार्हपत्य अग्नि, पृथ्वी, धर्म, रजोगुण, ऋग्वेद, क्रियाशक्ति, प्रात:सवन तथा महादेव- ये नौ देवता वास करते हैं। दूसरी रेखा में उकार, दक्षिणाग्नि, आकाश, सत्वगुण, यजुर्वेद, मध्यंदिनसवन, इच्छाशक्ति, अंतरात्मा तथा महेश्वर- ये नौ देवता विद्यमान हैं। तीसरी रेखा में मकार, आहवनीय अग्नि, परमात्मा, तमोगुण, द्युलोक, ज्ञानशक्ति, सामवेद, तृतीयसवन तथा शिव निवास करते हैं

Sunday, 16 December 2012

जिनके घर में चिंता, कष्ट और बीमारी ज्यादा है

जिनके घर में चिंता, कष्ट और बीमारी ज्यादा है | भविष्य पुराण में आया ही की मार्गशीर्ष मास में शुक्ल पक्ष की सप्तमी माने 19th Dec' 2012 को बुधवार के दिन सुबह सूर्य भगवान को तिल के तेल का दीपक दिखाये अर्घ्य दे | सूर्य भगवान को अर्घ्य दो तो इस भाव से
मन में एक बार स्मरण कर लेना की भगवत गीता में आपने कहाँ है – 
ज्योति श्याम रविरंशुमानये ज्योतियों में सूर्य मै हूँ .... तो मेरा अर्घ्य स्वीकार करो | मेरा ये प्रणाम स्वीकार करे |
तो उस दिन १९ दिसम्बर को लोटे में चावल,
तिल, कुंकुम, केसर डालकर अर्घ्य दे | केसर न हो तो ऐसे ही कुंकुम डाल दे अर्घ्य दे, तिल का दिया दिखा दे |
फिर घर में भोजन बने और सब खाये उसके पहले दही और चावल थाली में लेकर
सूर्य भगवान को भोग लगाये और प्रार्थना करे हमारे घर में आपके लिए ये प्रसाद तैयार किया है ये नैवेद्य आप सूर्य भगवान स्वीकार करे और हमारे घर में सब प्रकार से आनंद छाया रहे, सब निरोग रहे, दीर्घायु बने | ऐसा करके उनको भोग लगाये और प्रसाद में थोडा-सा छ्त पर रख दे घर के लोग भी प्रसाद में दही-चावल खुद भी खा ले

Thursday, 13 December 2012

मार्गशीष मास की अमावस्या (13 दिसम्बर गुरुवार)



मार्गशीष मास की अमावस्या जो आयेगी 13 दिसम्बर गुरुवार के दिन माँ पार्वती जी का पूजन करें ।
पहले अपने गुरुदेव का पूजन करें गुरूर्ब्रहृमा गुरूर्विष्‍णु गुरूर्देवो
महेश्‍वर... फिर माँ पार्वती जी का पूजन करें 11 मन्त्र बोलकर माँ पार्वती जी को प्रणाम करे :-

1.
ॐ पार्वत्यै नमः
2.
ॐ हेमवत्यै नमः 
3. ॐ अम्बिकायै नमः
4. ॐ गिरीशवल्लभायै नमः
5. ॐ गंभीरनाभ्यै नमः
6. ॐ अपर्णायै नमः
7. ॐ महादेव्यै नमः
8. ॐ कंठकामिन्यै नमः
9. ॐ शणमुखायै नमः
10. ॐ लोकमोहिन्यै नमः
11.ॐ मेनकाकुक्षीरत्नायै नमः

ये
11 नाम कम से कम एक बार तो बोल ही लेनाए ज्यादा भी बोल सकतें है